रायपुर/जगदलपुर:
झीरम घाटी हत्याकांड (Jhiram Valley Massacre) को लेकर छत्तीसगढ़ की राजनीति एक बार फिर गरमा गई है। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा के हालिया बयान के बाद कांग्रेस ने तीखा पलटवार करते हुए निष्पक्ष जांच की मांग तेज कर दी है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने जेपी नड्डा के बयान को गंभीर बताते हुए कहा कि यदि भाजपा नेताओं के पास झीरम कांड से जुड़े पुख्ता सबूत हैं, तो उन्हें सार्वजनिक किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि इस बहुचर्चित हत्याकांड की सच्चाई सामने लाने के लिए केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री रमन सिंह का नार्को टेस्ट कराया जाना चाहिए।
2013 की घटना और जेपी नड्डा की भूमिका पर उठे सवाल
दीपक बैज ने याद दिलाया कि वर्ष 2013 में झीरम घाटी हमला (Jhiram Valley Attack) हुआ था, उस समय जेपी नड्डा छत्तीसगढ़ के भाजपा प्रभारी थे। ऐसे में यदि वे आज इस मामले को लेकर गंभीर आरोप लगा रहे हैं, तो उनके पास ठोस प्रमाण होने चाहिए। कांग्रेस का कहना है कि इतने संवेदनशील मामले में केवल राजनीतिक बयानबाज़ी नहीं, बल्कि तथ्यों के आधार पर जांच जरूरी है।
रायपुर में झीरम पीड़ितों की संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस
इधर रायपुर में झीरम कांड के पीड़ितों ने संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस कर भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए। इस मौके पर पूर्व विधायक अनीता शर्मा, कांग्रेस के प्रभारी महामंत्री मलकीत सिंह गेदू और शिव सिंह ठाकुर मौजूद रहे।
पीड़ितों ने कहा कि जेपी नड्डा ने हाल ही में कांग्रेस पर नक्सलियों से सांठगांठ का आरोप लगाया, जो पूरी तरह आपत्तिजनक है। उनका कहना है कि झीरम कांड में सबसे अधिक नुकसान कांग्रेस को हुआ, जबकि राजनीतिक रूप से भाजपा को इसका लाभ मिला।
सुपारी किलिंग का आरोप, सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
पीड़ित मलकीत सिंह गेदू ने दावा किया कि झीरम घाटी हत्याकांड के समय सुरक्षा व्यवस्था बेहद कमजोर थी। उन्होंने एक बार फिर इस घटना को “सुपारी किलिंग” करार दिया। साथ ही आरोप लगाया कि कलेक्टर एलेक्स पाल को भाजपा सरकार के कार्यकाल में नक्सलियों से एक बड़ी डील के तहत छुड़वाया गया था।
जेपी नड्डा, रमन सिंह और मुकेश गुप्ता के नार्को टेस्ट की मांग
कांग्रेस नेताओं और पीड़ितों ने मांग की कि यदि जेपी नड्डा को कांग्रेस की नक्सलियों से सांठगांठ पर विश्वास है, तो केंद्र में भाजपा सरकार होने के नाते किसी भी केंद्रीय एजेंसी से निष्पक्ष जांच कराई जाए। साथ ही जेपी नड्डा, रमन सिंह और मुकेश गुप्ता का नार्को टेस्ट कराने की भी मांग दोहराई गई।
पूर्व विधायक अनीता शर्मा ने कहा कि बिना सबूत इस तरह के आरोप लगाना शहीद परिवारों का अपमान है। उन्होंने कहा कि यदि भाजपा नेताओं के पास प्रमाण हैं तो उन्हें सामने लाना चाहिए, अन्यथा उन्हें माफी मांगनी चाहिए।
झीरम घाटी हत्याकांड पर सियासी घमासान तेज
झीरम घाटी हत्याकांड (Jhiram Valley Massacre) को लेकर कांग्रेस और भाजपा के बीच सियासी टकराव लगातार तेज होता जा रहा है। आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर राजनीति और ज्यादा गरमाने के आसार नजर आ रहे हैं।
Jhiram Valley Massacre: जेपी नड्डा–रमन सिंह के नार्को टेस्ट की मांग, कांग्रेस ने कहा– झीरम कांड का सच सामने आना जरूरी











