बिलासपुर। थाना सरकंडा पुलिस ने शासकीय भूमि की फर्जी बिक्री कर लोगों से लाखों-करोड़ों रुपये की ठगी करने वाले फरार आरोपी को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। आरोपी बीते करीब 8 माह से फरार था और लगातार पुलिस की पकड़ से बाहर चल रहा था।
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार थाना सरकंडा में धोखाधड़ी से संबंधित तीन अलग-अलग अपराध पंजीबद्ध हैं।
अप.क्र. 759/2025 एवं 760/2025 में आरोपी के विरुद्ध धारा 420, 467, 468, 471, 120बी भादवि तथा
अप.क्र. 867/2025 में धारा 420, 34 भादवि के तहत प्रकरण दर्ज किया गया था।
गिरफ्तार आरोपी का नाम नदीम अहमद पिता वसीम अहमद (उम्र 33 वर्ष), निवासी टिकरापारा, थाना सिटी कोतवाली, जिला बिलासपुर है। आरोपी पर आरोप है कि उसने अपने साथियों के साथ मिलकर शासकीय खास भूमि को निजी भूमि बताकर उसकी बिक्री कर दी।
📌 कैसे हुआ ठगी का खुलासा?
प्रकरण के अनुसार प्रार्थी मोह. आजम खान, कौशिल्या थवाईत एवं संजय कुमार जायसवाल ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि ग्राम खमतराई स्थित भूमि को वैध बताकर उनसे करोड़ों रुपये में सौदा किया गया।
बाद में नामांतरण के दौरान तहसील कार्यालय से जानकारी मिली कि संबंधित भूमि शासकीय है, जिसकी बिना कलेक्टर की अनुमति खरीदी-बिक्री संभव नहीं है। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी ने कूटरचित दस्तावेज तैयार कर लोगों को गुमराह किया था।
🚔 8 महीने बाद गिरफ्त में आया आरोपी
विवेचना के दौरान आरोपी फरार हो गया था। दिनांक 21 जनवरी 2026 को सूचना मिलने पर थाना प्रभारी निरीक्षक प्रदीप आर्य के नेतृत्व में पुलिस टीम ने घेराबंदी कर आरोपी को उसके निवास से गिरफ्तार किया।
पूछताछ में आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
बिलासपुर: शासकीय भूमि की फर्जी बिक्री कर करोड़ों की ठगी करने वाला आरोपी गिरफ्तार











